हरिद्वार। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद हरिद्वार महोदय ( नवनीत सिंह IPS ) के दिशा निर्देशन व पुलिस उपाधीक्षक रुड़की/नोडल ÀHTU सुश्री ओशिन जोशी के पर्यवेक्षण एवं प्रभारी निरीक्षक वीरेन्द्र रमोला जी के प्रभार में ।
आज का दिन ग्राम डहारपुर कला जिला बरेली उत्तर प्रदेश के बुजुर्ग नन्हे सिंह व उनकी पत्नी ऊषा देवी के जीवन की उनकी खोई खुशी उनके बुढ़ापे की आश को वापिस लेकर आया जब दो महीने से घर से लापता उनकी स्वर्गवासी बेटी लीलावती व स्वर्गवासी दामाद शिवरतन के इकलौते बेटे मनोज को बीमार व हरिद्वार आने में असमर्थ होने पर उनके विशेष आग्रह पर उनके दामाद नकुल के सपुर्द किया गया।
बालक मनोज के मौसा नकुल द्वारा बताया गया कि बालक के माता पिता का बचपन में स्वर्गवास हो गया था तब से उसके बुजुर्ग नाना नानी व उनके द्वारा बालक मनोज का पालन पोषण किया जा रहा है मनोज की एक आंख की रोशनी भी कम जिसका इलाज चल रहा है जब से बालक मनोज घर से निकला तब से उसके बुजुर्ग नाना नानी का रो रो कर बुरा हाल हे उनकी तबीयत भी ठीक नहीं है उनके द्वारा आस पास व रिश्तेदारी में मनोज की खैर खबर ली गई किन्तु कही से कुछ जानकारी नहीं मिल सकी बस सिर्फ एक आश थी कि शायद ईश्वर उनकी प्रार्थना कभी तो जरूर सुनेगा ।
जब 12/9/2026 को हरिद्वार पुलिस से फोन आया कि मनोज हरिद्वार में मिला हे तब से वह उससे मिलने के व्याकुल हे और मुझे आज यहां हरिद्वार भेजा है।
प्रभारी निरीक्षक के आदेश पर आवश्यक कागजी कार्यवाही/पूछ ताछ उपरांत टिम को बालक मनोज के परिजन उसके मौसा के साथ बाल कल्याण समिति हरिद्वार भेजा गया जहां वीडियो कॉल के माध्यम से बालक व उसके नाना नानी व मौसा की काउंसलिंग करवाई गई उसके बुजुर्ग नाना नानी के आग्रह को स्वीकार करते हुए बालक मनोज को संरक्षण गृह से मुक्त कर उसके मौसा नकुल के सपुर्द किया गया।
हरिद्वार पुलिस AHTU द्वारा किय गए अत्यंत मानवीय सहयोगपूर्ण व्यवहार व उनके इकलौते बुढ़ापे के सहारे उनकी स्वर्गवासी बेटी दामाद की आखरी निशानी को सकुशल वापिस लौटने के लिए बालक मनोज के बुजुर्ग नाना नानी द्वारा दोनों हाथों से दुवाओं के साथ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक महोदय हरिद्वार व टिम का खुले हृदय से आभार व्यक्त किया गया।
टीम:– का मुकेश कुमार, मo काo शशिबाला, म0का0 गीता देवी, का0 दीपक चन्द।
